सोशल मीडिया के उत्थान और देश भर में स्मार्टफ़ोन की गहरी पैठ के साथ, हिंदी-भाषी क्षेत्र के व्यावहारिक मतदाता खूब भली भाँति जान रहे हैं कि इस बार मोदी के मुक़ाबले कोई नहीं है. वे अब मीडिया की विवादित राफेल कहानी से मूर्ख बनने के लिए तैयार नहीं हैं. वे जानते हैं कि विपक्ष मुखर है, अनाड़ी है और भ्रम से भरा है. मोदी का अर्थ है स्थिरता, और खंडित गठबंधन का मतलब है समझौता, भ्रष्टाचार और फिर एक बार भाई-भतीजावाद वाली सरकार.
