Category: हास्य व्यंग्य

Total 72 Posts

एक चैनल का प्राइम टाइम

दृश्य : किसी भी मुद्दे पर..किसी भी चैनल का प्राइम टाइम.. ******************************************* एंकर : हाँ तो ऐसा है..अलाय बलाय..ढिंका चिका…एक दो तीन….अंगूरी बदन…घूंघट में चंदा है..तुनक तुनक तुन तानाना…रा रा

पाकिस्तानी बोरियत

पूरी दुनियाँ में शायद ही कोई देश हो, जहाँ घटनाक्रम उतनी तेजी से बदलते हों, जितनी तेजी से पकिस्तान में बदलते हैं. मजे की बात यह है कि ऐसा दशकों

द्वारिका में दुर्योधन…

पाँच गावों की डिमांड ठुकरा दिए जाने के बाद केशव वापस जा चुके हैं। पितामह, कृपाचार्य, महात्मा विदुर और गुरु द्रोण अनिष्ट की आशंका से ग्रस्त हो चुके हैं। दिनकर

दिवाली पर बुद्धिजीवीयो के नाम खुला ख़त

डियर बुद्धिजीवियों, पटाखों से होने वाले प्रदुषण की ओर हमारा ध्यान आकर्षित करने के लिये धन्यवाद। पटाखे तो खैर हमें जलाना ही था। बाकी आपसे पर्यावरण को बहुत उम्मीदें हैं।

गाँधी जी का जन्मदिन – नेताजी का भाषण

हर साल की तरह इस साल भी २ अक्टूबर आ ही गया. हर साल की तरह इस साल भी भाषणों की झड़ी लगेगी, टीवी पर गाँधी फिल्म दिखाई जाएगी, रेडिओ

छटाक भर क्रिकेट

दिन भर आकाशवाणी से क्रिेकेट का आँखों देखा हाल सुनते मेरे पिताजी ने ही मेरे मन में क्रिकेट के प्रति प्रेम जगाया. बॉल बाई बॉल रोमांच से अनभिज्ञ मेरे नानाजी

मेट्रो महिमा

दिल्ली मेट्रो रेल का फैला जाल राष्ट्रमंडल खेलों से दिल्ली की आधारभूत संरचना में हुए बदलावों का एक पैमाना है. इस दौरान हुए घोटालों को कोसने वालों को मैं लोकतंत्र

एमसीडी चुनावों पर तिरछी नजर

भारत एक चुनाव प्रधान देश है. एक चुनाव जाता नहीं कि दूसरा आ धमकता है. जल्दी-जल्दी चुनाव होने के अनेक फायदे हैं. इससे लोकतंत्र में जड़ता नहीं आती. मतदाता खुद