राजस्थान में नई सरकार बनी है. ज़ाहिर सी बात है कि कुछ बदलाव अब राज्य में देखा जाएगा. सकारात्मक, या नकारात्मक यह तो समय के गर्भ में छिपा हुआ है.
राजस्थान में नई सरकार बनी है. ज़ाहिर सी बात है कि कुछ बदलाव अब राज्य में देखा जाएगा. सकारात्मक, या नकारात्मक यह तो समय के गर्भ में छिपा हुआ है.
‘इयां लागे 5 घण्टे में औरंगज़ेब राज आग्यो” राजस्थान के एक राजपूत पिता ने अपना दुखड़ा पुलिस को सुनाते हुए कहा. उस पिता की बेटी की छाती पर हाथ मारते
लोकतंत के काहे कोसीं नेताजी के काहे खोबसीं सिस्टम के हम काहे भकोंसी जब हमहीं बनडमरु बानी हम तs सुतिया भोटर बानी ई हमके पकठाइल कहलन अउर ऊ मेहराइल कहलन
भाजपा की हार हो चुकी है. हार की समीक्षा होनी चाहिए. आइए, समीक्षा करते हैं. इस चुनाव में सबसे बड़ी बात यह रही कि मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में 15
1993 में भैरो सिंह शेखावत की लगातार दूसरी बार सत्ता में वापसी हुई थी. तब से 25 वर्ष बीत चुके हैं लेकिन राजस्थान में किसी भी सरकार को लगातार दो