देश की सुरक्षा एजेंसियों ने एक बार देश को किसी संभावित अप्रिय घटना से बचा लिया है. इन एजेंसियों ने फिर वह कारनामा कर दिखाया है जिसके लिए वे जानी
देश की सुरक्षा एजेंसियों ने एक बार देश को किसी संभावित अप्रिय घटना से बचा लिया है. इन एजेंसियों ने फिर वह कारनामा कर दिखाया है जिसके लिए वे जानी
अफवाहों का दौर है. सम्हल कर चलने में ही भलाई है. यह हम इसलिए कह रहे हैं क्योंकि आज कल अफवाहें किसी वायरल रोग की तरह फैला दी जा रही